अंतिम सांस लेने से पहले जयपुर आना चाहते थे ओम पुरी

ओम पुरी का विवादों से भी रहा नाता: शहीद के खिलाफ बयान देकर कहा था- किसी और देश में होता तो हाथ-पैर काट दिए जाते बेमिसाल एक्टर ओम पुरी का शुक्रवार को निधन हो गया। एक्टिंग के अलावा वे अपने बयानों से भी अक्सर चर्चा में रहे। पिछले साल अक्टूबर में उन्होंने कश्मीर में आतंकी हमले में शहीद हुए जवान नितिन की शहादत पर कहा था, “हमने किसी जवान को फोर्स किया था कि फौज में जाओ, शहीद जवान को किसने कहा था फौज मैं भर्ती होकर गोली खाने के लिए?” हालांकि बाद में ओम पुरी ने इटावा में शहीद के घर जाकर उनके पिता को गले लगाया, माफी मांगी। कहा, “मैं यहां प्रायश्चित करने आया हूं। किसी और देश में बयान दिया होता तो मेरे हाथ-पैर काट दिए गए होते।”

Om Puri death heart attack

Om Puri death heart attack

 ओम पुरी ने अक्टूबर में एक टीवी डिबेट के दौरान पीओके में इंडियन आर्मी की सर्जिकल स्ट्राइक पर कहा था, “पहली बार हमने पाकिस्तान को दिखाया कि हम सिर्फ भौंकते ही नहीं, काट भी सकते हैं।””मोदी सरकार ने क्यों बदला लेने की सोची, क्या नाना जी (नाना पाटेकर) ने सोची,  हमने ये गलतफहमी निकाल दी कि हम नपुंसक हैं।” बहस के दौरान ओम पुरी ने पाकिस्तानी कलाकारों का भारत में काम करने को लेकर उनका खुलकर सपोर्ट भी किया। कहा, “जाओ मोदीजी के चरणों में और कैंसल करा दो उन 10-15 लोगों (पाक आर्टिस्ट्स) के वीजा। इससे तुम्हारा नाम ऊंचा हो जाएगा,
 “देश में करोड़ों मुस्लिम रहते हैं, उन्हें न भड़काएं। विभाजन सिर्फ देश का ही नहीं, हजारों परिवारों का हुआ। उनके परिवार वहां रहते हैं, कैसे जंग करेंगे। भारत-पाकिस्तान को इजरायल और फलस्तीन न बनाएं।” “क्या आप देश में 15-20 ऐसे लोग तैयार कर सकते हैं, जो अपनी बॉडी में बम बांधकर पाक जाएं और सबको उड़ा कर आएं।”हालांकि इसके बाद ही ओमपुरी डिबेट के बीच से उठकर चले गए। बता दें कि नितिन एलओसी पर 2 अक्टूबर को शहीद हुए थे।

ओम पुरी के ये बयान भी विवादों में रहे…

Om Puri death heart attack

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मुझे शर्म महसूस होती है जब एक आईएस या आईपीएस अफसर उन गंवारों को सैल्यूट करता है, जो नेता हैं। ये अनपढ़ हैं, इनका क्या बैकग्राउंड हैं? आधे से ज्यादा सांसद गंवार हैं। (दिल्ली के राम लीला मैदान में अन्ना हजारे की भूख हड़ताल के दौरान दिया था बयान)
 आमिर और उनकी पत्नी जैसा महसूस करते हैं, उससे मैं शॉक्ड हूं, आमिर का बयान हद से ज्यादा इन्टॉलरेंस है जो नाकाबिले बर्दाश्त है। भैया या तो तैयार हो जाओ, लड़ो या मुल्क छोड़ दो। (आमिर खान के उस बयान पर दी थी प्रतिक्रिया, जिसमें आमिर ने कहा था कि मेरा परिवार और पत्नी इस माहौल में इनसिक्योर महसूस करते हैं।) जो लोग देश में गाय को मारने पर पाबंदी लगाने की मांग कर रहे हैं, वो ढोंगी हैं, हम बीफ का एक्सपोर्ट करते हैं और उससे लाखों डॉलर कमाते हैं (भारत में गायों की हत्या पर रोक लगाने की मांग पर दिया था बयान ) नक्सली टेररिस्ट्स नहीं हैं, क्योंकि वे आतंक फैलाने के लिए गैर जिम्मेदार काम नहीं करते, वे इसके लिए बम प्लांट नहीं करते। नक्सली फाइटर्स हैं और अपने हक के लिए लड़ रहे हैं। वे आम लोगों और गरीकों को परेशान नहीं करते।

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